स्कूली बच्चों की सुरक्षा पर सख्ती, पूल कारों पर निगरानी

Facebook
Twitter
WhatsApp

आसनसोल :  बुधवार को आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट ने स्कूली बच्चों की सड़क सुरक्षा को लेकर बड़ा कदम उठाया। बच्चों के सुरक्षित आवागमन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ट्रैफिक विभाग ने आसनसोल के एक निजी विद्यालय में विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान साफ शब्दों में संदेश दिया गया कि नियमों की अनदेखी करने वाली पूल कारों के खिलाफ अब सख्त कार्रवाई की जाएगी।

IMG 20250511 WA0050

इस जागरूकता अभियान में डीसीपी (ट्रैफिक) पीवीजी सतीश, एसीपी (ट्रैफिक) विश्वजीत साहा, आसनसोल उत्तर ट्रैफिक प्रभारी मोहम्मद अशरफुल सहित स्कूल के शिक्षक, अभिभावक और बड़ी संख्या में पूल कार चालक मौजूद रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्कूल आने-जाने वाले बच्चों की सुरक्षा को लेकर सभी संबंधित पक्षों को जागरूक करना था।

डीसीपी (ट्रैफिक) पीवीजी सतीश ने पूल कार चालकों को कड़ा निर्देश देते हुए कहा कि 31 जनवरी 2026 तक सभी पूल कारों में कमर्शियल नंबर प्लेट लगवाना अनिवार्य होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि तय समय सीमा के बाद यदि कोई वाहन बिना कमर्शियल नंबर प्लेट, वैध लाइसेंस या आवश्यक दस्तावेजों के पाया गया, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बच्चों की जान से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता।

IMG 20251224 WA0064

कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि पुलिस विभाग अब जिला प्रशासन के सहयोग से प्रत्येक स्कूल में एक समर्पित ‘रोड सेफ्टी विभाग’ स्थापित करने की योजना पर काम कर रहा है। इस विभाग की जिम्मेदारी होगी कि स्कूलों से जुड़ी पूल कारों और अन्य वाहनों की नियमित निगरानी की जाए। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि चालक यातायात नियमों का पालन करें और वाहन पूरी तरह सुरक्षित स्थिति में हों।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह रोड सेफ्टी विभाग पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा जारी पूल कार एडवाइजरी के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी नजर रखेगा। इसके तहत वाहन की फिटनेस, बीमा, ड्राइवर का चरित्र सत्यापन और क्षमता से अधिक बच्चों को न बैठाने जैसे नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा।

IMG 20240918 WA0025

डीसीपी ट्रैफिक ने अभिभावकों से भी अपील की कि वे बच्चों की सुरक्षा को लेकर स्वयं सतर्क रहें। उन्होंने कहा कि बच्चों को स्कूल भेजने से पहले यह जांच करना जरूरी है कि पूल कार के सभी दस्तावेज वैध हैं या नहीं और वाहन में सुरक्षा मानकों का पालन हो रहा है या नहीं। अभिभावकों की जागरूकता से ही बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत हो सकती है।

कार्यक्रम के दौरान पूल कार चालकों को यातायात नियमों, गति सीमा, स्कूल जोन में सावधानी और आपात स्थिति में उठाए जाने वाले कदमों की भी जानकारी दी गई। चालकों को यह समझाया गया कि थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।

बुधवार को आयोजित इस अभियान से यह स्पष्ट संदेश गया कि पुलिस प्रशासन अब स्कूल परिवहन व्यवस्था को लेकर किसी भी तरह की ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है। आने वाले दिनों में जांच और निगरानी को और सख्त किए जाने की संभावना जताई जा रही है, ताकि स्कूल जाने वाले बच्चों की सुरक्षा पूरी तरह सुनिश्चित की जा सके।

Leave a Comment

Leave a Comment

What does "money" mean to you?
  • Add your answer

Share Market

Also Read This

Gold & Silver Price

Our Visitor

0 3 3 5 1 9
Users Today : 2
Users Yesterday : 37