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कचरा शुल्क में 60% वृद्धि पर नागरिकों ने जताया विरोध

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आसनसोल :  आसनसोल नगर निगम क्षेत्र अंतर्गत जेनेक्स और सुगम पार्क आवासीय परिसरों के निवासियों ने बुधवार को कचरा संग्रहण शुल्क में अचानक की गई 60 प्रतिशत वृद्धि के विरोध में नगर निगम के मेयर विधान उपाध्याय से मुलाकात की और शुल्क में कटौती की मांग की।

निवासियों का कहना है कि अब तक नगर निगम जो निर्धारित राशि वसूलता था, वह उचित था, परंतु बिना किसी पूर्व सूचना के शुल्क में अचानक की गई भारी वृद्धि ने सेवानिवृत्त और वृद्धजनों को विशेष रूप से आर्थिक संकट में डाल दिया है। उन्होंने बताया कि सुगम पार्क और जेनेक्स परिसर में अधिकांश निवासी सेवानिवृत्त हैं, जिनकी आय सीमित है। ऐसे में नगर निगम का यह निर्णय असंवेदनशील और मनमाना प्रतीत होता है।

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निवासियों ने बताया कि केवल शुल्क में वृद्धि की गई है, जबकि सेवा की गुणवत्ता में कोई सुधार नहीं हुआ है। कचरा उठाने के लिए सफाईकर्मियों की ट्रिप की संख्या में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है, न ही ईंधन की कीमतों में कोई बढ़ोत्तरी हुई है, जिससे शुल्क वृद्धि का कोई ठोस औचित्य भी नहीं दिखता।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि नियमित रूप से कचरा उठाने की प्रक्रिया में लापरवाही बरती जा रही है, जिससे परिसर में गंदगी फैल रही है और मच्छरों व दुर्गंध की समस्या बढ़ गई है।

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निवासियों ने बुधवार को नगर निगम मुख्यालय में मेयर विधान उपाध्याय, उप मेयर और नगर निगम कमिश्नर से औपचारिक मुलाकात कर लिखित रूप में अपनी आपत्तियाँ प्रस्तुत कीं। उन्होंने मांग की कि शुल्क वृद्धि को तत्काल प्रभाव से रद्द किया जाए या कम से कम 60 प्रतिशत वृद्धि को घटाकर एक स्वीकार्य सीमा में लाया जाए।

मेयर विधान उपाध्याय ने नागरिकों की समस्याएं सुनीं और मामले की निष्पक्ष समीक्षा करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि यदि वास्तव में सेवा में कोई सुधार नहीं हुआ है और नागरिकों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ डाला गया है, तो इस पर विचार किया जाएगा।

वहीं नगर निगम सूत्रों का कहना है कि शहर में बढ़ती जनसंख्या और कचरा प्रबंधन की लागत को देखते हुए शुल्क में संशोधन किया गया है। परंतु इस निर्णय को लागू करने से पूर्व व्यापक संवाद नहीं किया गया, जिससे नागरिकों में नाराजगी उत्पन्न हुई है।

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