नाबालिग किशोरी से 30 लाख की ठगी, मुख्य आरोपी फरार, अभियुक्त की मां पुलिस हिरासत में

Facebook
Twitter
WhatsApp

ghanty

रानीगंज : रानीगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत महावीर कोलियरी में एक नाबालिग किशोरी को छलपूर्वक बहलाने-फुसलाने तथा आर्थिक शोषण के गंभीर प्रकरण ने समूचे क्षेत्र को झकझोर दिया है। पीड़िता के परिजनों द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर पुलिस ने इस मामले में शुभम सिंह, उसके माता-पिता, बहन समेत अन्य पर किशोरी से ठगी, अपहरण तथा अवैध वसूली के आरोपों में प्राथमिकी दर्ज की है। इस संदर्भ में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य अभियुक्त शुभम सिंह की मां लूसी देवी को गिरफ्तार किया, जिन्हें रविवार को आसनसोल जिला न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।

न्यायालय ने अभियुक्ता को 10 दिनों की पुलिस रिमांड पर भेजा

पुलिस द्वारा किशोरी की बरामदगी तथा अन्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु लूसी देवी को रिमांड पर लेने की अपील की गई, जिसे अदालत ने स्वीकार करते हुए 10 दिनों की पुलिस हिरासत का आदेश दिया।

पीड़िता, जिसकी उम्र लगभग 17 वर्ष है, रानीगंज थाना क्षेत्र के राजा पाड़ा स्थित मांगलिक भवन इलाके की निवासी है। परिजनों के अनुसार, शुभम सिंह ने किशोरी को अपने प्रेमजाल में फंसाया तथा छलपूर्वक उससे नगदी एवं आभूषण हड़प लिए।

IMG 20240910 WA0035

विदेश में कार्यरत पिता के भेजे धन पर अभियुक्तों की कुदृष्टि

परिजनों ने बताया कि किशोरी के पिता विदेश में कार्यरत हैं तथा वे पुत्री की शिक्षा एवं भविष्य संवारने हेतु नियमित रूप से धनराशि भेजते थे। किंतु, शुभम सिंह और उसके परिवारजन किशोरी को बहलाकर यह समस्त धन हड़पते रहे। प्रारंभिक जांच के अनुसार, अभियुक्तों ने लगभग 12 लाख रुपए नगद एवं 17 लाख रुपए मूल्य के स्वर्णाभूषण किशोरी से ठग लिए।

प्रकरण उजागर होने पर परिजनों ने दर्ज कराई प्राथमिकी

घटना की वास्तविकता उजागर होते ही परिजनों ने तत्काल रानीगंज थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस हरकत में आई और मुख्य अभियुक्त शुभम सिंह सहित अन्य आरोपित फरार हो गए।

IMG 20240918 WA0025

पुलिस की त्वरित कार्रवाई, किशोरी की तलाश जारी

पुलिस ने प्रकरण की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए त्वरित जांच प्रारंभ कर दी है तथा फरार आरोपियों की सक्रियता से तलाश की जा रही है। पुलिस का दावा है कि शीघ्र ही किशोरी को बरामद कर लिया जाएगा।

समाज में बढ़ते अपराधों पर चिंतन आवश्यक

यह मामला न केवल पारिवारिक विश्वासघात एवं भावनात्मक शोषण का उदाहरण है, बल्कि समाज में बढ़ती ठगी एवं अपराध प्रवृत्ति का द्योतक भी है। पुलिस प्रशासन को चाहिए कि ऐसे प्रकरणों में कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित कर अपराधियों को यथोचित दंड दिलाए, ताकि समाज में सुरक्षा एवं न्याय की भावना प्रबल हो सके।

Leave a Comment

Leave a Comment

What does "money" mean to you?
  • Add your answer

Share Market

Also Read This

Gold & Silver Price

Our Visitor

0 3 3 5 0 3
Users Today : 23
Users Yesterday : 23