आसनसोल : शनिवार को आसनसोल के रेलपार क्षेत्र से सामने आए एक मामले ने विद्यालय परिसरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बाबू तालाब स्थित एक गैर सरकारी विद्यालय के परिसर में घरेलू गैस सिलेंडरों का कथित रूप से अवैध भंडारण किए जाने का मामला सामने आया है। सूचना मिलने के बाद प्रवर्तन शाखा (ईबी) और आसनसोल उत्तर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने विद्यालय परिसर में कार्रवाई करते हुए संबंधित भंडारण स्थल को सील कर दिया।
बताया गया कि जांच दल को गुप्त सूचना मिली थी कि विद्यालय परिसर का उपयोग बड़ी संख्या में घरेलू गैस सिलेंडरों को रखने के लिए किया जा रहा है। सूचना की पुष्टि के लिए अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची। परिसर के भीतर स्थित भंडारण कक्ष की जांच के दौरान बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर रखे मिले। सिलेंडरों को जिस तरीके से रखा गया था, उसे लेकर भी सुरक्षा संबंधी प्रश्न उठे हैं।
कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने भंडारण से संबंधित आवश्यक अनुमति, अग्नि सुरक्षा प्रमाण-पत्र तथा अन्य वैधानिक दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा। हालांकि, मौके पर मौजूद संचालक की ओर से आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए जा सके। इसके बाद संयुक्त टीम ने सुरक्षा मानकों और वैधानिक प्रावधानों के पालन की स्थिति को देखते हुए भंडारण स्थल को तत्काल बंद कर सील कर दिया।

विद्यालय परिसर में गैस सिलेंडरों के भंडारण की जानकारी सामने आने के बाद अभिभावकों और स्थानीय लोगों के बीच भी चिंता का वातावरण बन गया है। विद्यालय में प्रतिदिन बड़ी संख्या में विद्यार्थी आते-जाते हैं। ऐसे स्थान पर ज्वलनशील सामग्री का असुरक्षित तरीके से रखा जाना किसी संभावित दुर्घटना का कारण बन सकता है। हालांकि, जांच पूरी होने से पहले घटना से जुड़ी जिम्मेदारियों को लेकर अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।
अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि भंडारण स्थल का वास्तविक संचालन कौन कर रहा था और सिलेंडर वहां किस माध्यम से पहुंचाए जा रहे थे। इसके साथ ही विद्यालय प्रबंधन की भूमिका तथा परिसर के उपयोग की अनुमति से संबंधित पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान यदि नियमों का उल्लंघन प्रमाणित होता है तो संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध प्रचलित कानून के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। विद्यालय जैसे संवेदनशील परिसर में सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करना प्रशासन के साथ-साथ संबंधित संस्थान की भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इस घटना ने शहर में विद्यालय परिसरों की सुरक्षा और व्यावसायिक गतिविधियों की निगरानी को लेकर एक बार फिर गंभीर चर्चा छेड़ दी है।

















Users Today : 0
Users Yesterday : 22