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आसनसोल जिला अस्पताल में ‘पीड़ा प्रबंधन इकाई’ का शुभारंभ

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आसनसोल :  चिकित्सा विज्ञान की नवीनतम प्रगति के अनुरूप आसनसोल जिला अस्पताल में पीड़ा प्रबंधन इकाई (Pain Management Unit) का भव्य उद्घाटन संपन्न हुआ। इस नवाचारमूलक चिकित्सा केंद्र का शुभारंभ अस्पताल के अधीक्षक डॉ. निखिल चंद्र दास के नेतृत्व में संपन्न हुआ। इस अवसर पर पश्चिम बर्धमान जिला स्वास्थ्य विभाग की उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी (डिप्टी सीएमओएच-4) डॉ. अनन्या मुखर्जी, अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सकगण एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित रहे।

इस अवसर पर डॉ. निखिल चंद्र दास ने कहा कि वर्तमान परिवेश में शारीरिक एवं मानसिक वेदना से कोई भी अछूता नहीं है। इस समस्या के वैज्ञानिक एवं चिकित्सकीय समाधान हेतु पीड़ा प्रबंधन इकाई का शुभारंभ किया गया है। उन्होंने बताया कि इस केंद्र में केवल पीड़ा निवारण विशेषज्ञ ही नहीं, बल्कि कैंसर विशेषज्ञ (ऑन्कोलॉजिस्ट), मनोवैज्ञानिक, फिजियोथेरेपिस्ट तथा अन्य चिकित्सकीय विशेषज्ञों की उपस्थिति सुनिश्चित की गई है।

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डॉ. अनन्या मुखर्जी ने कहा कि वेदना केवल शारीरिक नहीं, मानसिक एवं भावनात्मक भी होती है। इस इकाई का उद्देश्य समग्र रूप से वेदना के मूल कारणों की पहचान कर उनका व्यवस्थित समाधान प्रस्तुत करना है।

वहीं, पीड़ा प्रबंधन विभाग के प्रभारी डॉ. कौशिक पाल ने बताया कि आज का मानव शारीरिक, मानसिक एवं भावनात्मक वेदना से ग्रस्त है। यह इकाई व्यापक चिकित्सकीय दृष्टिकोण अपनाते हुए हर प्रकार की पीड़ा का समाधान करेगी। उन्होंने बताया कि इसके लिए विशेषज्ञ चिकित्सकों की एक समर्पित टीम गठित की गई है, जिसमें फिजियोथेरेपिस्ट, मनोवैज्ञानिक, जनरल फिजीशियन समेत विभिन्न विशेषज्ञ सम्मिलित हैं।

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इसके अतिरिक्त, जिला अस्पताल के कैंसर विशेषज्ञ डॉ. अमित मुखर्जी ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान में लोग डॉक्टरी परामर्श के बिना दर्द निवारक औषधियों (पेन किलर) का अत्यधिक सेवन कर रहे हैं, जो अत्यंत हानिकारक है। इससे गुर्दे (किडनी) एवं अन्य महत्वपूर्ण अंगों पर गंभीर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने लोगों से स्वास्थ्य-संवेदनशीलता अपनाने एवं विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह लेने का आह्वान किया।

यह नवीनतम चिकित्सा इकाई आधुनिक चिकित्सा विज्ञान एवं समग्र उपचार दृष्टिकोण का अनूठा संगम प्रस्तुत करती है, जिससे असंख्य रोगियों को राहत मिलने की आशा है।

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