
पांडवेश्वर : बर्धमान जिले के पांडवेश्वर थाना अंतर्गत कुमरडीही ग्राम स्थित “डीही” उद्यान एवं उसके आस-पास के निर्जन क्षेत्र से शनिवार प्रातः मानव खोपड़ी, अस्थि-अवशेष, केश एवं परिधान के चिथड़े बरामद किए गए, जिससे समूचे अंचल में स्तब्धता एवं भय का वातावरण व्याप्त हो गया है। इस रहस्यमयी एवं पीड़ादायक अन्वेषण ने पुनः उस बहुचर्चित एवं हृदयविदारक घटना को जनस्मृति में जाग्रत कर दिया है, जिसमें विगत वर्ष दिसंबर में दस वर्षीय जुड़वां बालिकाएं स्नेहा एवं स्निग्धा बाउरी रहस्यमयी ढंग से लुप्त हो गई थीं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, डीही उद्यान के पिछले भाग में खुले मैदान से कुछ मानव अस्थि-अवशेष एवं खोपड़ी का खंड शनिवार सुबह स्थानीय निवासियों को दृष्टिगोचर हुआ। तत्क्षण इसकी सूचना पांडवेश्वर थाना पुलिस को दी गई, जिसके उपरांत भारी पुलिस बल घटनास्थल पर तैनात किया गया एवं परिमंडल को सील करते हुए व्यापक खोजी अभियान प्रारंभ किया गया। सूत्रों ने बताया कि तलाशी के दौरान पुलिस को बाल, अस्थि-खंड, परिधान के अवशेष एवं जूते प्राप्त हुए हैं, जो संभवतः किसी अल्पवय बालक अथवा बालिका के हो सकते हैं।

स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि यह बरामद सामग्री संभवतः 1 दिसंबर 2024 को कुमरडीही स्टेडियम से लापता हुई दस वर्षीय जुड़वां बहनों की हो सकती है। उक्त बालिकाएं काजोरा ग्राम की मूल निवासी थीं किंतु विगत कुछ समय से अपने मामा के निवास कुमरडीही के बाउरी पाड़ा क्षेत्र में रह रही थीं। पुलिस द्वारा पूर्व में इस गंभीर प्रकरण की विवेचना की गई थी एवं फरवरी में सुराग देने वालों हेतु ₹1 लाख के इनाम की घोषणा भी की गई थी, किंतु अब तक कोई ठोस सफलता हाथ नहीं लगी थी।

सूत्रों का दावा है कि घटनास्थल से प्राप्त जूते एवं वस्त्रांश लुप्त बालिकाओं के परिधानों से मेल खाते हैं। पुलिस ने प्रभावित क्षेत्र को बैरिकेड कर अवरोधित कर दिया है एवं रविवार को संभावित रूप से फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम डीएनए परीक्षण हेतु नमूनों का संकलन करेगी। यद्यपि पुलिस प्रशासन की ओर से औपचारिक वक्तव्य अभी तक निर्गत नहीं किया गया है, किंतु घटनास्थल पर परिजनों की उपस्थिति एवं समानताओं ने जनचेतना में गहन चिंता एवं आशंका उत्पन्न कर दी है।

यह घटना समूचे पांडवेश्वर क्षेत्र में असुरक्षा एवं अनिश्चितता के वातावरण को पुनः प्रज्वलित करती प्रतीत हो रही है।














Users Today : 19
Users Yesterday : 26