दुर्गापुर : शहर को स्वच्छ, सुंदर और प्रदूषण मुक्त बनाने के उद्देश्य से प्रशासन ने अब सख्त कदम उठाने की तैयारी शुरू कर दी है। सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा फेंकने, सड़क किनारे गंदगी फैलाने और दीवारों पर पान की पीक थूकने वालों के खिलाफ जल्द ही कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि स्वच्छ शहर के निर्माण के लिए केवल सरकारी प्रयास ही नहीं, बल्कि नागरिकों की भागीदारी भी जरूरी है।
इसी उद्देश्य को लेकर बुधवार को दुर्गापुर के सिटी सेंटर बस स्टैंड क्षेत्र में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस अभियान के तहत राज्य की नगर विकास मंत्री अग्निमित्रा पाल स्वयं मैदान में उतरीं और सफाई कार्य में भाग लेकर लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। उनके हाथ में झाड़ू देखकर स्थानीय लोगों और दुकानदारों में भी स्वच्छता को लेकर सकारात्मक संदेश गया।
कार्यक्रम का आयोजन ‘निर्मल बंधु’ और ‘निर्मल साथी’ पहल के अंतर्गत किया गया। अभियान में पश्चिम बर्दवान जिले के जिलाधिकारी एस. पोन्नाबलम, दुर्गापुर नगर निगम के आयुक्त अबुल कलाम आजाद इस्लाम सहित नगर निगम के अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में सफाईकर्मी शामिल हुए।
मंत्री अग्निमित्रा पाल ने बस स्टैंड परिसर और आसपास के इलाकों का निरीक्षण किया। उन्होंने दुकानदारों और स्थानीय नागरिकों से बातचीत करते हुए अपील की कि वे अपने आसपास सफाई बनाए रखें। उन्होंने कहा कि शहर की पहचान केवल बड़ी इमारतों और सड़कों से नहीं होती, बल्कि वहां की स्वच्छता व्यवस्था भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
उन्होंने कहा कि प्रशासन जल्द ही सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ नियमों के तहत कार्रवाई करेगा। सड़क पर कूड़ा डालना, खुले में गंदगी करना या सार्वजनिक स्थानों को खराब करना अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हालांकि कार्रवाई से पहले लोगों को जागरूक करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
मंत्री ने बताया कि आम नागरिकों की समस्याओं और शिकायतों को सीधे प्रशासन तक पहुंचाने के लिए जल्द ही हेल्पलाइन व्यवस्था शुरू की जाएगी। इसके माध्यम से लोग सफाई से जुड़ी समस्याओं की जानकारी दे सकेंगे और प्रशासन उन शिकायतों के समाधान की दिशा में तेजी से काम करेगा।
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि शहर में स्वच्छता अभियान को लगातार जारी रखा जाएगा। इसके लिए नगर निगम की टीमों को सक्रिय किया जा रहा है और लोगों को भी अभियान से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों ने भी इस पहल की सराहना की। उनका कहना है कि यदि प्रशासन के साथ आम नागरिक भी जिम्मेदारी निभाएं तो दुर्गापुर को एक आदर्श स्वच्छ शहर बनाया जा सकता है।
कुल मिलाकर, दुर्गापुर में शुरू हुआ यह अभियान केवल सफाई तक सीमित नहीं है, बल्कि शहर को स्वस्थ और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। आने वाले दिनों में नियमों की सख्ती और जनभागीदारी से स्वच्छता व्यवस्था को और मजबूत करने की तैयारी है।

















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