रानीगंज : पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से आसनसोल नगर निगम ने प्रतिबंधित प्लास्टिक के उपयोग के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। इसी क्रम में मंगलवार को निगम के स्वच्छता विभाग के निरीक्षक के नेतृत्व में रानीगंज शहर के विभिन्न दुकानों में विशेष जांच अभियान चलाया गया। मुख्य रूप से खाद्य पदार्थों की बिक्री करने वाली दुकानों में उपयोग किए जा रहे प्लास्टिक और पैकेजिंग सामग्री की जांच की गई।
बुधवार को निगम अधिकारियों ने बताया कि प्रतिबंधित प्लास्टिक के उपयोग को रोकने के लिए एक सितंबर से लगातार जागरूकता और निगरानी अभियान चलाया जा रहा है। दुकानदारों को पहले से ही नियमों की जानकारी देकर प्रतिबंधित सामग्री का उपयोग नहीं करने की हिदायत दी गई है। इसके बावजूद नियमों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित दुकानदारों के खिलाफ आर्थिक दंड की कार्रवाई की जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, खाद्य पदार्थों को ग्राहकों तक पहुंचाने के लिए निर्धारित मानकों के अनुरूप पैकेजिंग व्यवस्था अपनाने को कहा गया है। विशेष रूप से 125 माइक्रोन से कम मोटाई वाले प्लास्टिक के उपयोग पर प्रतिबंध लागू है। निरीक्षण के दौरान जहां भी इस प्रकार की प्रतिबंधित सामग्री का उपयोग पाया जाता है, वहां नियमानुसार जुर्माना लगाया जा रहा है।
नगर निगम का कहना है कि लगातार निगरानी और जनजागरूकता अभियान का असर रानीगंज बाजार क्षेत्र में दिखाई देने लगा है। पहले की तुलना में एकल-उपयोग प्लास्टिक का इस्तेमाल कम हुआ है। हालांकि, स्थानीय स्तर पर यह सवाल भी उठ रहा है कि प्रतिबंधित प्लास्टिक का निर्माण करने वाली इकाइयों के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की जाती।
इस पर निगम अधिकारियों का तर्क है कि बाजार में प्रतिबंधित प्लास्टिक की मांग और उपयोग कम होने पर उसके उत्पादन में भी स्वाभाविक रूप से कमी आएगी। दुकानदारों और ग्राहकों के स्तर पर इसका इस्तेमाल पूरी तरह बंद करना अभियान का प्रमुख उद्देश्य है। अधिकारियों ने कहा कि प्लास्टिक का उपयोग घटने से पर्यावरण प्रदूषण कम करने के साथ जल निकासी व्यवस्था और सार्वजनिक स्वच्छता को भी राहत मिलेगी।
निगम की ओर से बताया गया कि पिछले करीब दो महीने से अभियान के साथ प्रचार-प्रसार भी किया जा रहा है। दुकानदारों को नियमों के प्रति लगातार जागरूक किया जा रहा है। इसके बावजूद उल्लंघन जारी रहने पर केवल जुर्माने तक कार्रवाई सीमित नहीं रखने की तैयारी है। भविष्य में अधिक कठोर दंडात्मक कदम उठाने पर भी विचार किया जा रहा है।
अधिकारियों ने दुकानदारों से प्रतिबंधित प्लास्टिक छोड़कर पर्यावरण अनुकूल विकल्प अपनाने की अपील की है। निगम का कहना है कि अभियान तभी सफल होगा, जब व्यापारी, ग्राहक और आम नागरिक सामूहिक रूप से प्लास्टिक प्रदूषण रोकने की जिम्मेदारी निभाएंगे।

